Harbhajan Singh said wont contest in Punjab assembly elections and still unsure about joining politics

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नई दिल्ली. भारत के लिए टेस्ट क्रिकेट में सबसे अधिक विकेट लेने वाले चौथे गेंदबाज हरभजन सिंह (Harbhajan Singh) ने हाल ही में खेल के सभी फॉर्मेट को अलविदा कहा है. वो अपनी दूसरी पारी की शुरुआत क्रिकेट में करेंगे या राजनीति से. इसे लेकर काफी कयास लगाए जा रहे हैं. ऐसी खबरें भी सामने आ रही थीं कि हरभजन पंजाब की सियासत में नई शुरुआत कर सकते हैं. पूर्व ऑफ स्पिनर ने अब राजनीति में अपनी एंट्री को लेकर खुलकर बात की है. उन्होंने बताया है कि वो फिलहाल राजनीति में आएंगे या नहीं. इसके अलावा उन्होंने अपने क्रिकेट करियर को लेकर भी खुलकर बात की.

आपकी रिटायरमेंट की टाइमिंग और पंजाब चुनाव का ऐलान एक साथ हुआ है, क्या आप चुनाव लड़ेंगे. जी न्यूज को दिए खास इंटरव्यू में हरभजन सिंह ने इसके जवाब में कहा, ‘मैं फिलहाल चुनाव नहीं लडूंगा लेकिन राजनीति में आऊंगा या नहीं, यह फिलहाल तय नहीं किया है. क्रिकेट से बड़ा आगे क्या हो सकता है. यह मुझे तय करना है. मेरी कोशिश उस रास्ते को चुनने की होगी, जिससे मैं लोगों के लिए कुछ कर सकूं. उनके काम आ सकूं. लोगों ने मुझे काफी प्यार दिया है और हमेशा सपोर्ट किया है. अगर मैं उनकी जीवन में बदलाव लाने के लिए कुछ कर सकूं तो इससे मुझे खुशी मिलेगी.’

हरभजन सिंह ने अपनी राजनीति में एंट्री को लेकर आगे कहा,” मेरे संन्यास का पंजाब चुनाव से किसी तरह का कोई कनेक्शन या रिश्ता नहीं हैं. मुझे भी काफी बातें सुनाईं दीं कि मैं राजनीति में जा रहा हूं. लेकिन फिलहाल ऐसा नहीं है. पंजाब में होने वाले आगामी विधानसभा चुनाव के लिए सभी पार्टियों को ऑल द बेस्ट कहूंगा. देखते हैं आगे क्या होता है, जब भी ऐसा कोई फैसला लूंगा तो ऐलान करके अपने फैंस को इसकी जानकारी दूंगा.”

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41 साल के हरभजन सिंह ने इस इंटरव्यू में मैदान से रिटायर नहीं हो पाने से जुड़े सवाल पर अपने दिल की बात कही. इस पूर्व ऑफ स्पिनर मे कहा कि, हर खिलाड़ी की इच्छा होती है कि वो टीम इंडिया की जर्सी में रिटायर हो. लेकिन हर बार भाग्य आपके साथ नहीं होता है. वीरेंद्र सहवाग और वीवीएस लक्ष्मण के साथ भी ऐसा नहीं हो पाया. बीसीसीआई अगर इनको भी एक मैच रिटायरमेंट के लिए दे देती तो उनकी मुराद भी पूरी हो जाती. यह सभी भारतीय क्रिकेट के दिग्गज हैं. उन्होंने 10-15 साल दिए हैं क्रिकेट के लिए. हालांकि, ऐसा नहीं होने पर भी इनका रुतबा कम नहीं हुआ. उनकी तुलना किसी से नहीं की जा सकती है.

Tags: Cricket news, Harbhajan singh, Punjab Assembly Election, Punjab Assembly Election 2022

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